अजमेर। राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने मंगलवार को 10वीं का ऐतिहासिक परिणाम घोषित कर दिया, जिसमें प्रदेश का कुल परीक्षा परिणाम 94.23 प्रतिशत रहा। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर द्वारा जारी इस रिजल्ट में बालिकाओं ने 94.90% के साथ बाजी मारी, जबकि बालकों का प्रतिशत 93.63 रहा। बोर्ड के इतिहास में यह पहला अवसर है जब मार्च माह में और 12वीं से पूर्व 10वीं का परिणाम जारी किया गया है। प्रदेश की वरीयता सूची में सीकर की प्रियांशी ने 99.83% अंकों के साथ शीर्ष स्थान प्राप्त किया है, वहीं जयपुर की रिद्धिमा जांगिड़ ने 99.67%, झुंझुनूं की निकुंज, बारां की दीपिका मेहता, डूंगरपुर के ईश्वर पाटीदार और अजमेर की रजनी सोलंकी ने 99.50% अंक हासिल कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। अन्य मेधावियों में जयपुर की छवि शर्मा व झुंझुनूं की दिया (99.33%), भरतपुर की वंदना कुमारी व अलवर के कुश सिंघल (99.33%), हनुमानगढ़ की पल्लवी, बीकानेर के भुवन छंगाणी, सीकर की सिम्स निठारवाल, अलवर के ध्रुव कुमार शर्मा व कशिश खंडेलवाल और बाड़मेर के अभिषेक चौधरी ने 99.17% अंक प्राप्त किए हैं।
चूरू के नमन व सीकर की चेष्टा शर्मा ने 99% अंक अर्जित किए। जोधपुर की गिरिजा (98.67%), बाड़मेर की गुंजन चौधरी (98.67%), जयपुर के सूर्य प्रताप सिंह व लक्षित खर्रा (98.50%), जोधपुर की पलक देवड़ा व टोंक की उमंग गौड़ (98.33%), श्रीगंगानगर की वंदना व राजसमंद के मंथन खत्री (98.33%) ने भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
सफलता की कहानियों में नागौर के कृष्णा कुमार (97.83%), जिनके पिता मैकेनिक हैं, और कोटा की अस्मिता नागर (97.83%) के नाम भी शामिल हैं। जिलों के प्रदर्शन में 97.77% के साथ झुंझुनूं प्रथम स्थान पर रहा, उसके बाद डीडवाना-कुचामन, सीकर, नागौर और जोधपुर शीर्ष पाँच में शामिल रहे। इस दौरान शिक्षा मंत्री ने संकेत दिए कि 12वीं का परिणाम भी 31 मार्च तक जारी किया जा सकता है।

