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Monday, February 16, 2026
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US: अमेरिका जाने का हजारों भारतीयों का सपना धूमिल, ट्रंप प्रशासन ने ईबी-5 अनारक्षित वीजा श्रेणी में की कटौती

वॉशिंगटन – अमेरिका में आव्रजन नीतियों के चलते पहले से ही अप्रवासी भारतीयों की चिंता पहले से ही बढ़ी हुई है। अब ट्रंप प्रशासन ने हजारों भारतीयों के अमेरिका जाने और ग्रीन कार्ड पाने के सपने को तोड़ दिया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने मई 2025 के लिए जारी किए गए वीजा बुलेटिन में भारतीयों के लिए ईबी 5 वीजा श्रेणी में कटौती की है। विदेश विभाग ने अनारक्षित वीजा श्रेणी आवेदनों की वेटिंग कट ऑफ एक मई 2019 कर दी है। पहले यह एक नवंबर 2019 थी। अब एक मई 2019 के बाद ईबी 5 वीजा के लिए आवेदन करने वालों को लंबा इंतजार करना होगा। बुलेटिन में कहा गया है कि ईबी-5 अनारक्षित वीजा श्रेणियों में भारत द्वारा उच्च मांग और संख्या के उपयोग, शेष विश्व में बढ़ती मांग और संख्या के उपयोग के कारण वित्त वर्ष 2025 की वार्षिक सीमा के अंतर्गत संख्या के उपयोग को अधिकतम सीमा के भीतर रखने के लिए भारत की अंतिम कार्रवाई तिथि को और पीछे करना आवश्यक हो गया है। यदि मांग और उपयोग की संख्या में वृद्धि जारी रही तो शेष विश्व के देशों के लिए अंतिम कार्रवाई की तिथि निर्धारित करना भी आवश्यक हो सकता है।

बुलेटिन में कहा गया कि आव्रजन और राष्ट्रीयता अधिनियम (आईएनए) की धारा 201 के अनुसार निर्धारित परिवार प्रायोजित वरीयता वाले प्रवासियों के लिए वित्तीय वर्ष 2025 की सीमा 226,000 है। वार्षिक रोजगार आधारित वरीयता वाले प्रवासियों के लिए विश्वव्यापी स्तर कम से कम 140,000 है। धारा 202 के तहत वरीयता वाले प्रवासियों के लिए प्रति देश सीमा कुल वार्षिक परिवार प्रायोजित और रोजगार आधारित वरीयता सीमा का 7 प्रतिशत, यानी 25,620 निर्धारित की गई है। आश्रित क्षेत्र की सीमा 2 प्रतिशत या 7,320 निर्धारित की गई है।

वहीं अमेरिकी प्रशासन ने ईबी 1 और ईबी 2 वीजा श्रेणियों में कोई बदलाव नहीं किया है। अमेरिकी विदेश विभाग मई में रोजगार-आधारित स्थिति समायोजन आवेदनों को स्वीकार करेगा, जिसके लिए पात्र होने के लिए विदेशी नागरिकों को अपनी वरीयता श्रेणी और देश के लिए निर्दिष्ट तिथि से पहले की प्राथमिकता तिथि की आवश्यकता होगी।

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