आयकर रिटर्न 2025: इंकम टैक्स डिपार्टमेंट ने टैक्सपेयर्स के लिए दो मोबाइल ऐप लॉन्च किए हैं, जिनकी मदद से आप आसानी से अपना रिटर्न फाइल कर सकते हैं. ये ऐप एंड्रॉयड और आईओएस प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं.

इनकम टैक्स रिटर्न 2025: इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की डेडलाइन नजदीक आ रही है। सरकार ने रिटर्न भरने की आखिरी तारीख को 31 जुलाई से बढ़ाकर 15 सितंबर कर दिया है। यानी कि अब 10 दिन से भी कम वक्त बचा है। ऐसे में इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने टैक्सपेयर्स के लिए दो मोबाइल ऐप जारी किये हैं, जिनकी मदद से आप बिना किसी हड़बड़ी के आराम से अपना रिटर्न फाइल कर सकते हैं। इससे समय की भी बचत होगी। ‘AIS for Taxpayer’ और ‘Income Tax Department’ के नाम से बने ये दो ऐप एंड्रॉइड और iOS प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं। इसे खासतौर पर वेतनभोगी व्यक्तियों, पेंशनभोगियों और सरल आय प्रोफाल वाले छोटे करदाताओं के लिए डिजाइन किया गया है ताकि रिटर्न फाइल करने में उन्हें किसी तरह की कोई दिक्कत न हो।
अपने रिटर्न फाइल करने के लिए इस तरह से करें।
- आप ऐप में अपने पैन, आधार या रजिस्टर्ड यूजर आईडी और पासवर्ड से लॉगिन कर सकते हैं.
- ऐप में लॉगिन करने के बाद आपको एनुअल इंफॉर्मेशन रिपोर्ट (AIS) और टैक्सपेयर इंफॉर्मेशन समरी (TIS) मिलेगा. इनमें पहले से कंपनी, बैंक, म्यूचुअल फंड जैसी जगहों का डेटा भरा रहता है, जिससे मैन्युअली एंट्री कराने की जरूरत नहीं पड़ती है.
- यह ऐप आपको अपनी सैलरी, पेंशन, कैपिटल गेन और आय के दूसरे जरिए के आधार पर सही आईटीआर फॉर्म चुनने में मदद करता है.
- आप चाहे तो ऐप की मदद से डेटा को अपडेट करा सकते हैं, कुछ छूट गया हो तो उसे जोड़ सकते हैं जैसे कि फिक्स्ड डिपॉजिट से होने वाले इनकम और किराये की आय से ब्याज की मैन्युअली एंट्री कराने की जरूरत पड़ सकती है.
- रिटर्न भरने के बाद आधार ओटीपी, नेट बैंकिंग या डिजिटल सिग्नेचर से ई-वेरिफिकेशन करा सकते हैं. रिटर्न फटाफट सबमिट हो जाता है और एक्नॉलेजमेंट भी जनरेट हो जाता है.
- इन ऐप के जरिए डेस्कटॉप और बिचौलियों पर निर्भरता कम करने में मदद मिलती है. यह खासतौर पर उन लोगों के लिए उपयोगी है, जो अपनी फाइलिंग शीघ्रता और सुरक्षित तरीके से पूरी करना चाहते हैं.

